सीओपी 28 सम्मेलन में एनएमसीजी ने अमेरिका के एमआरसीटीआई के साथ समझौता किया

सीओपी 28 सम्मेलन में एनएमसीजी ने अमेरिका के एमआरसीटीआई के साथ समझौता किया

दुबई-भारत के रिवर सिटीज एलायंस (आरसीए) की ओर से राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन (एनएमसीजी) ने अमेरिका के मिसिसिपी नदी के किनारे स्थित 124 शहरों/कस्बों का प्रतिनिधित्व करने वाले मिसिसिपी रिवर सिटीज एंड टाउन्स इनिशिएटिव (एमआरसीटीआई) के साथ सामान्य प्रयोजन के एक समझौता ज्ञापन (एमओसीपी) पर हस्ताक्षर किए हैं। हस्ताक्षर समारोह अभी दुबई, संयुक्त अरब अमीरात में चल रहे सीओपी28 या संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन सम्मेलन के हिस्से के रूप में रोटरी हॉल में हुआ। एमओसीपी पर एनएमसीजी के महानिदेशक श्री जी. अशोक कुमार और ला क्रॉसे (विस्कॉन्सिन) के मेयर मिच रेनॉल्ड्स, ग्रीनविले (मिसिसिपी) के मेयर एरिक सिमंस, न्यू ऑरलियन्स (लुइसियाना) के मेयर लाटोया कैंटरेल और अमेरिका के एमआरसीटीआई की ओर से श्री कॉलिन वेलेमकैंप (कार्यकारी निदेशक, एमआरसीटीआई) ने हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर अमेरिकी विदेश विभाग, यूएनईपी, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ अर्बन अफेयर्स (एनआईयूए) और रोटरी इंटरनेशनल के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।

इस महत्वपूर्ण समझौता से एनएमसीजी ग्लोबल रिवर सिटीज एलायंस (जीआरसीए) के होने वाले शुभारम्भ के करीब पहुंच गया है, क्योंकि मौजूदा रिवर सिटीज एलायंस (आरसीए) ने भारत को अब 267 ग्लोबल रिवर सिटीज की सदस्यता दिलाकर अपनी ताकत का विस्तार कर लिया है। इसमें अब भारत सहित अमेरिका और डेनमार्क भी शामिल है। जीआरसीए का आधिकारिक शुभारम्भ 10 दिसंबर, 2023 को होना तय है। इस वैश्विक गठबंधन में कई और ग्लोबल रिवर सिटीज के शामिल होने की उम्मीद है।


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इस एमओसीपी के साथ ही रिवर सिटीज़ अलायंस (आरसीए) और एमआरसीटीआई के बीच सहयोग के लिए एक कुशल ढांचा स्थापित किया जाएगा। यह इकोसिस्टम पर जलवायु परिवर्तन के प्रभावों से निपटने के लिए एकीकृत नदी प्रबंधन में क्षमता निर्माण और ज्ञान के आदान-प्रदान पर केंद्रित है। इस समझौते में एक व्यापक जल निगरानी कार्यक्रम, शहरी क्षेत्रों को प्राकृतिक रूप देने के लिए बेहतरीन तरीकों को साझा करना और टिकाऊ शहरी विकास के लिए जलीय इकोसिस्टम को बहाल करना शामिल है। इसके जरिए हरित स्थलों के महत्व पर जोर देते हुए शहरों को हरा-भरा बनाने और नदियों से जुड़ी झीलों को बहाल करने की पहल का विस्तार किया गया है। यह प्रस्तावित सहयोग पर्यावरणीय प्रवाह की सुरक्षा के लिए सामूहिक कार्रवाई पर जोर देता है और नदी इकोसिस्टम को बेहतर बनाए रखने में बाढ़ की भूमिका को मानता है, जो सक्रिय पर्यावरणीय प्रबंधन और स्थायी नदी प्रबंधन के लिए अभिनव समाधानों के प्रति प्रतिबद्धता प्रदर्शित करता है।

एमओसीपी पर हस्ताक्षर के बाद राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन (एनएमसीजी) के महानिदेशक जी. अशोक कुमार ने डब्ल्यूडब्ल्यूएफ मंडप कार्यालय में महापौरों, संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) के प्रतिनिधियों और अमेरिकी विदेश विभाग के अधिकारियों के साथ द्विपक्षीय बैठक की। इस बैठक के दौरान, दोनों पक्षों ने इस सहयोग को ठोस रूप देने के रास्ते तलाशने पर चर्चा की। इसमें आरसीए सहित राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन और मिसिसिपी रिवर सिटीज एंड टाउन्स इनिशिएटिव (एमआरसीटीआई) के बीच ठोस ज्ञान आदान-प्रदान की सुविधा पर जोर दिया गया, जिससे दोनों नेटवर्कों के बीच स्थायी सहयोग और विशेषज्ञता के आदान-प्रदान की प्रतिबद्धता को बल मिलता है।



राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन (एनएमसीजी) के महानिदेशक श्री जी. अशोक कुमार ने एमआरसीटीआई द्वारा की जा रही जल गुणवत्ता की उपग्रह-आधारित निगरानी के बारे में और अधिक जानकारी प्राप्त करने में रिवर सिटीज अलायंस (आरसीए) की गहरी रुचि से अवगत कराया। इसके अतिरिक्त, श्री कुमार ने एमआरसीटीआई की नागरिक विज्ञान पहल की अधिक व्यापक समझ हासिल करने के लिए प्रतिनिधिमंडल की उत्सुकता को व्यक्त किया। उनकी खास रूचि, नदी इकोसिस्टम के भीतर प्लास्टिक प्रदूषण की उत्पत्ति को समझने में है।

एमआरसीटीआई का प्रतिनिधित्व करने वाले महापौरों ने एनएमसीजी के हाइब्रिड वार्षिकी मॉडल और सीवेज उपचार संयंत्रों के लिए वन-सिटी-वन-ऑपरेटर मॉडल के बारे में जानकारी प्राप्त करने में रुचि व्यक्त की। इसके अतिरिक्त, उन्होंने नदियों से संबंधित विषयों पर स्नातक और स्नातकोत्तर छात्रों द्वारा अनुसंधान परियोजनाओं को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से 'शहरी नदियों की पुनर्कल्पना' पर आरसीए की वार्षिक छात्र थीसिस प्रतियोगिता का अनुकरण करने की इच्छा व्यक्त की।


इसके अलावा, दोनों पक्षों के प्रतिनिधिमंडलों ने आरसीए और एमआरसीटीआई सदस्यों के बीच एक सिटी ट्विनिंग कार्यक्रम शुरू करने की संभावना का पता लगाया, जिससे शहरों को एक-दूसरे से सीखने और प्रेरित करने का अवसर मिलेगा। इसके अतिरिक्त, आगामी वर्ष में एमआरसीटीआई के मेयरों के एक प्रतिनिधिमंडल के भारत दौरे का प्रस्ताव भी रखा गया। इस यात्रा का उद्देश्य संस्थागत तालमेल को मजबूत करना और सहयोगात्मक साझेदारी की गति को बनाए रखना सुनिश्चित करना है।

एनएमसीजी ने आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय (एमओएचयूए) के तहत नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ अर्बन अफेयर्स (एनआईयूए) के सहयोग से नवंबर 2021 में रिवर सिटीज एलायंस (आरसीए) की एक अनूठी अवधारणा शुरू की थी। आरसीए की परिकल्पना भारत में नदियों के किनारे बसे शहरों के लिए एक समर्पित मंच के रूप में की गई है जहां शहरी नदियों की हालत में सुधार करने से जुड़े पहलुओं और क्षमता निर्माण पर ठोस चर्चा किया जा सके। 142 भारतीय नदी शहर और डेनमार्क का आरहूस इसके सदस्य हैं।

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